काया भाभी के धोखे में साली

प्रेषक : विशु कपूर दोस्तो, सबसे पहले आदरणीय गुरुजी को सादर प्रणाम स्वीकार हो जिनकी कृपा से सभी को लंड को खड़ा करने वाली और चूत में उंगली डालने को मजबूर करने वाली कामुक कहानियाँ पढ़ने और लिखने को मिल जाती हैं | तो दोस्तो सबसे पहले मैं आप सबको अपने बारे में बता दूँ वैसे तो मैं आपका जाना पहचाना हूँ लेकिन हो सकता है शायद मुझे कुछ नए पाठक और पठिकायें दोस्त मुझे न जानते हो उनके लिए मेरा परिचय तो बनता है|

दोस्तो,मैं आगरा से एक 26 साल का एक कुँवारा और सजीला नौजवान हूँ लेकिन जनवरी 2017 से अपनी मौसी के साथ अहमदाबाद में रह रहा हूँ | मेरे जिम जाने के कारण मेरा बदन गठीला है और मेरे लंड की नाप 9 इंच है जो ज्यादातर फीमेल्स की जान है | अब मैं आपको ज्यादा बोर न करते हुए अपनी कहानी पर आता हूँ|

दोस्तो, मैं अभी एक हफ्ते पहले मैं अपने पार्लर में एक कुँवारी लड़की की चूत की सील तोड़ रहा था उसी दौरान मेरे फ़ोन की घंटी बजी और जैसा कि आप सभी जानते हैं कि मैं चुदाई के दौरान किसी का भी फोन अटेंड नही करता हूँ जब मैं उस लड़की की चुदाई करके फारिग हुआ तो मैंने अपना फोन देखा तो उसमें काया भाभी की कई मिस्ड कॉल्स थी तो मैंने उन्हें कॉल किया| तो काया भाभी ने मुझसे पूछा कि देवर जी, इस बार दीवाली पर आपका क्या प्रोग्राम है? तो मैंने उन्हें जवाब दिया कि भाभी मैं अभी कुछ दिन पहले ही गाँव होकर आया हूँ अब होली पर ही गाँव जाऊँगा और वैसे भी बार बार छुट्टी करना उचित नही है क्योंकि काम का भारी नुकसान होता है|

खैर उन्होंने पूछा कि इस बार दीवाली जयपुर में साथ साथ मनाएं तो कैसा रहेगा? तो मैंने कहा कि भाभी कोशिश करता हूँ लेकिन शायद छुट्टी न मिले तो बॉबी भैया ने मुझे कसम दे दी और कहा कि विशु तुझे जयपुर दीवाली मनाने हमारे साथ आना ही पड़ेगा ओ0 के0| मैं काया भाभी और बॉबी भैया के प्यार भरे इस न्योते को टाल नही पाया और यह कहकर फोन काट दिया कि कोशिश करता हूँ | कई दिन से जयपुर से जान्हवी (बदला हुआ नाम) जो मेरी क्लाइंट थी कॉल कर रही थी जिसे मैंने अपनी पहली सर्विस यहीं अपने पार्लर में दी थी जब वो अपनी कुछ सहेलियों के साथ एक शादी समारोह में आई थी और उसकी कोई भाभी के साथ मेरे पार्लर में आई थी तो उसे मेरे लंड का साइज और चुदाई की टाइमिंग इतनी पसंद आई कि वो अपनी सभी सहेलियों की सील मेरे लंड से तुड़वाना चाहती थी |

भाग्यवश जैसे ही मैंने काया भाभी की कॉल काटी उसके तुरंत बाद ही जान्हवी की कॉल आ गई तो मैंने उसे दीवाली की कह दिया कि मैं दीवाली पर जयपुर आ रहा हूँ तो जान्हवी बहुत ही खुश हुई तो उसने बताया कि मैं आपको सिंधी कैम्प बस स्टैंड पर खुद लेने आऊँगी ओ0 के0 | उसके बाद में अपनी क्लाइंट्स को चोदने में लग गया और शाम तक मैंने सभी क्लाइंट्स को चोदा अंत में जब सभी क्लाइंट्स चुद कर चली गई तो मैंने भी घर जाने की सोची और पायल से मेरा लंड साबुन लगाकर साफ करने को कहा क्योंकि मैं अपने कपड़े तभी पहनता था जब पायल मेरे लंड को अच्छी तरह साबुन से साफ करती थी क्योंकि दिन भर कभी खून और चूत का रज लगता रहता था तो पायल ने मुझसे इच्छा जाहिर की वो मेरा लंड चूसना चाहती है क्योंकि उसे मेरा लंड चूसना और बीज पीना बहुत पसंद था इसलिए मैंने उसे हाँ कह दिया तो पायल ने मेरा मेरा लंड चूसा और मेरा बीज भी गटक गई|

उसके बाद उसने मेरे लंड को अच्छे से साफ किया और फिर अपने अपने कपड़े पहने और फिर मैंने पायल को उसके घर छोड़ा और अपने घर आ गया तो मौसी से कहा कि मौसी मैं दीवाली की छुट्टियों में अपने दोस्तों के साथ जयपुर घूमने जा रहा हूँ और फिर मैंने पायल को फोन किया और जयपुर घूमने के लिए पूछा तो उसने पूछा कि कौन कौन जा रहा है? मैंने बताया कि पगली मैं क्योंकि कई दिनों से लगातार क्लाइंट्स के फ़ोन आ रहे हैं जयपुर से और काया भाभी भी इस बार दीवाली पर जयपुर बुला रही हैं तो पायल ने तुरंत ही जवाब दिया कि तुम वहाँ चुदाई करोगे पर मैं तो लंड के लिए तरसुंगी न? तो मैंने पायल से कहा कि क्यों तरसोगी मैं तुम्हे रोज की तरह चोदा करूँगा न जब भी तुम्हारी चूत का दाना फड़केगा तो पायल बहुत खुश हुई और उसने झट से हाँ कह दी |

मैंने उसे पैकिंग करने को बोला और 2 घंटे बाद ही निकलने को कहा तो वो पैकिंग करने लग गई इधर मैंने भी खाना खाकर पैकिंग की और घर से निकलने से पहले ही मैंने पायल को दुबारा फोन किया तो पायल ने कहा कि विशु आप मेरे घर आ जाओ फिर चलेंगे मैंने ओ0 के0 कहा और अपनी बाइक लेकर पायल के घर पहुँच गया उस समय उसकी रूममेट भी साथ में थी कुछ देर उन दोनों से इधर उधर की बातें हुईं फिर कुछ देर बाद पायल ने अपनी रूममेट के सामने ही बेशर्म होकर बिंदास बोली कि विशु जी, मुझे आपका लंड चूसना है तो मैं उसकी रूममेट के सामने थोड़ा शरमा रहा था और आश्चर्यचकित भी हो रहा था कि पायल कितनी बेशर्म हो गई है इसे अपनी रूममेट की भी शरम महसूस नही हो रही है और ये मेरे लंड को चूसने की बात ऐसे कह रही है जैसे उसकी रूममेट मेरे लंड के बारे में पहले से जानती हो? खैर इधर पायल झट से मेरे पास आई और उसने मेरी पेण्ट की ज़िप खोली और मेरा लंड बाहर निकाल लिया |

जैसा कि दोस्तो आप जानते हैं कि मैं पेण्ट, जीन्स या पाजामे के अंदर कुछ भी नही पहनता हूँ तो उसकी रूममेट जिसका नाम त्रिशा (बदला हुआ नाम) था बोली कि पायल पेण्ट को पूरी उतार दे नही तो बीज से खराब हो जाएगी तो पायल ने मेरी पेण्ट ही उतार दी फिर पायल और त्रिशा ने मिलकर मेरा लंड चूसा और बीज भी पिया उसके बाद मैंने अपने कपड़े पहने तो त्रिशा बोली कि विशु जी अगर मुझे पीरियड न आ रहा होता तो मैं आपका इतने सुंदर लंबे और मोटे लंड से अपनी चूत की सील जरूर तुड़वाती खैर अब आपको मुझसे एक वादा करना होगा कि आप जयपुर से लौटने के बाद मेरी चूत की प्यास जरूर बुझाओगे |

मैंने त्रिशा को ओ0 के0 कहा और मैंने और पायल ने अपना अपना सामान उठाया और बस स्टैंड की और चल दिए | 10 मिनट बाद ही हम बस स्टैंड पहुँच गए लेकिन बस स्टैंड पर जयपुर की कोई बस नही थी तो मैंने पता किया तो बताया कि अभी अभी गई है और आप थोड़े से लेट हो गए हैं इस पर मैंने पायल से झुँझलाते हुए कहा कि देखा पायल तुम्हारे लंड चूसने के चक्कर में लेट हो गए और जयपुर की बस निकल गई तो पायल बोली कि प्राइवेट बस से चलते हैं तो हम दोनों एक ट्रेवल एजेंसी पर पहुँचे जो बस स्टैंड के पास ही थी मैंने दो टिकट बुक करने को कहा तो उसने तुरंत ही मुझे दो टिकट दे दी और टिकट लेकर मैं जैसे ही बस में चढ़ा तो देखा कि बस की नीचे की सभी सीट घिरी हुई थी तो मैं तुरंत ही बुकिंग विंडो पर लौटकर आया और मैंने कहा कि भैया जी आपकी बस में सभी सीट घिरी हुई हैं तो वो बोला कि कोई बात नहीं आपको एक स्लीपर केबिन दे देता हूँ ओ0 के0 तो तुरंत ही हमने अपने सभी सूटकेस डिक्की में रखकर हम दोनों अपने केबिन में घुस गए |

कुछ समय बाद ही बस चल पड़ी और करीब 16 – 17 घंटे के सफर के बाद जयपुर पहुँच गए | सिंधी कैम्प बस स्टैंड के पास ही बस ने हमें उतारा तो जयपुर पहुँचने से करीब 2 घंटे पहले मैंने जान्हवी को फोन करके यह बता दिया कि मैं कुछ देर बाद मैं जयपुर पहुँचने वाला हूँ तो जान्हवी ने कहा कि मैं आपको सिंधी कैम्प से रिसीव कर लूँगी ओ0 के0 | तो मैंने जान्हवी को फोन किया और बताया कि मैं सिंधी कैम्प पर खड़ा हुआ हूँ तो जान्हवी तुरन्त ही काली हौंडा सिटी गाड़ी से हमें रिसीव करने आ गई |तो मैंने पायल का परिचय जान्हवी से कराया तो जान्हवी थोड़ा चोंक सी गई और मेरी ओर सवालिया निशान देते हुए देखने लगी तो मैंने उसे गाड़ी में बैठते हुए बताया कि चोंकने की कोई आवश्यकता नही है पायल मेरी मदद और जयपुर घूमने के लिए आई है और हाँ पायल लंड बहुत ही अच्छी तरह चूसती है |

ये आप सबको लंड चूसना सिखाएगी क्यों पायल सिखाओगी न ? तो पायल ने हँसते हुए ऑफकोर्स कहा तभी जान्हवी ने अपनी गाड़ी जयपुर से बाहर ट्रांसपोर्ट नगर की तरफ ले ली और अपनी सभी सहेलियों को फ़ोन कर दिया कि विशु कपूर जयपुर आ चुके हैं इसलिए तुम सब मेरे फार्म हाउस पर 10 मिनट में पहुँच जाओ ओ0 के0 और फ़ोन काटकर उसने मेरी पेण्ट की ज़िप खोल दी और मेरा लंड निकालकर सहलाने लगी |

एक लड़की के हाथों का स्पर्श पाकर लंड तुरंत ही अपनी रंगत में आ गया और एकदम लोहे की गरम रॉड की तरह तन गया और उसका सुपाड़ा एक बड़े मशरूम की तरह फूल गया और टमाटर की तरह लाल हो गया | जिसे देखकर जान्हवी बहुत खुश हुई और बोली कि वाह विशु जी आपके लंड से हम सबको बहुत मजा आयेगा आज मेरे साथ साथ मेरी सभी सहेलियाँ आपकी गुलाम हो गई तभी पायल बोली कि जान्हवी जी अभी आपने विशु के लंड का साइज देखा है लंड को चूत या गाँड़ में डलवाकर नही देखा है जब इसे अपनी चूत में डलवाओगी तो यह आपकी चूत की चटनी बना देगा और कम से कम 1 घंटा तक बिना रुके लगातार धक्के लगेंगे न तो आपकी चूत रोने लगेगी | कहते कहते हम तीनों ही जान्हवी के फार्म हाउस पर पहुँच गए | पहुँचते ही जान्हवी ने मुझे मादर जात नंगा कर दिया और खुद भी नंगी हो गई और मेरा लंड चूसने की कोशिश करने लगी लेकिन लंड ज्यादा मोटा होने के कारण उसके मुँह में नही जा पा रहा था इसलिए उसने लंड के सुपाड़े की खाल को पीछे खिसका कर सुपाड़ा खोल दिया और उस पर अपनी जीभ चलाने लगी |

खैर, मैंने जान्हवी को चोदा और उसकी तीनो सहेलियों की सील तोड़ी और एक एक बार पायल सहित सबकी गाँड़ भी मेरी हम सभी जान्हवी के फार्म हाउस पर नंगे ही सो गए | सुबह के करीब चार बजे पायल ने मुझे मेरे लंड चूसकर जगाया तो मैंने एक एक राउंड सभी को चोदा जिससे मुझे बहुत थकान हो गई तो मुझे नींद आने लगी लेकिन जान्हवी और उसकी सहेलियों को अपने अपने घर जाना था तो मैंने पायल से कहा कि पायल, क्यों न हम भी इनके साथ सिंधी कैम्प बस स्टैंड तक चलें फिर वहाँ से बॉबी भैया को फ़ोन करके बुला लेंगे और उनके घर नहा धोकर आराम करेंगे चूँकि आज दीवाली है इसलिए बॉबी भैया घर पर ही होंगे तो पायल बोली ओ0 के0 चलो तो मैं और पायल भो जान्हवी की गाड़ी में बैठ गए तभी जान्हवी और उसकी तीनों सहेलियों ने मुझे मेरी फीस और टिप भी दी और वो सब अपनी अपनी गाड़ियों से अपने अपने घर चली गई और जान्हवी ने हमें सिंधी कैम्प बस स्टैंड छोड़ा और वो भी अपने घर चली गई |

उसके कुछ देर बाद मैंने बॉबी भैया को फ़ोन किया लेकिन बॉबी भैया का फ़ोन स्विच ऑफ जा रहा था तो मैंने काया भाभी को फोन किया तो भाभी ने फ़ोन उठा लिया तो मैंने भाभी से पूछा कि भाभी भैया का फ़ोन स्विच ऑफ क्यों है? मैं उनका फ़ोन कब से ट्राई कर रहा रहा हूँ | तो भाभी ने बताया कि तुम्हारे भैया करीब 20 दिन पहले कंपनी के काम से लंदन गए हैं और आज शाम तक वो जयपुर पहुँचेंगे | अभी वो फ्लाइट में होंगे इसलिए उनका फोन नही लग रहा होगा |मैंने भाभी से कहा कि भाभी मैं जयपुर सिंधी कैम्प बस स्टैंड पर खड़ा हूँ तो भाभी बहुत खुश हुई और बोली कि देवर जी तो क्या सोच रहे हो जल्दी से घर आ जाओ |

मैंने ओ0 के0 कहा और एक ऑटो लेकर पायल के साथ भाभी के घर पहुँच गया और जैसे ही भाभी ने पायल को देखा तो उन्होंने पायल के बारे में पूछा तो मैंने भाभी को बताया की पायल मेरे साथ मेरे पार्लर में काम करती है तो भाभी ने मुझसे आश्चर्य चकित होकर पूछा कि तुम पार्लर में क्या काम करते हो? तो मैंने भाभी को बताया कि भाभी अहमदाबाद में एक रेणुका नाम का एक लेडीज मसाज पार्लर है उसमें मैं एक मसाज बॉय की हैसियत से काम करता हूँ जिसमें मुझे हर फीमेल की फुल बॉडी मसाज और उनकी जरूरत के हिसाब से उनकी चुदाई भी करनी पड़ती है|

काया भाभी मेरी बात को एकदम मंत्रमुग्ध होकर सुन रही थी जबकि ये बात मैं पायल के सामने कर रहा था क्योंकि पायल मेरी सहकर्मी थी और काया भाभी मेरे से कई साल पहले चुद चुकी थी इसलिए पायल और काया भाभी के बीच मुझे खुल के बताने में कोई दिक्कत नही थी |तभी काया भाभी ने मुझसे पूछा कि विशु तेरे लंड में इतना दम है कि तू दिन भर लड़कियों और औरतों को चोद सके तभी पायल बीच में बोल पड़ी कि इनके उसमें बहुत दम है अगर ये एक बार शुरू हो जायें तो कम से कम एक घंटे के लिए फ्री इसीलिए तो हमारे पार्लर में बहुत क्लाइंट्स आती हैं और सभी को ये संतुष्ट करते हैं |

भाभी ने मुझसे पूछा कि विशु क्या तू मुझे एक बार अपना लंड दिखा सकता है? मैंने कहा कि भाभी मैं अभी सफर की थकान के कारण थका हुआ हूँ थोड़ा नहा धोकर रिलैक्स होना चाहता हूँ उसके बाद आप जो कहोगी मैं वो ही करूँगा ओ0 के0| तो भाभी ने ओ0 के0 कहा और झट से वहीं सोफे पर बैठ गई और मेरी पेंट की उस जगह को गौर से देखने लगी जहाँ लंड होता है तो मैंने भाभी से कहा कि भाभी बाथरूम में पानी आ रहा होगा या मुझे लेकर जाना पड़ेगा? तो भाभी ने कहा कि जाकर देख ले अभी अभी नया ग्रीज़र लगवाया है |

तो दोस्तो जैसा कि आप जानते ही होंगे कि मैं पेंट, जीन्स या पजामा के नीचे कुछ भी नही पहनता हूँ तो मैंने पायल को मेरे बैग से कपड़े निकलने को कहा तो पायल ने एक टॉवल निकालकर दिया जिसे मैं अपनी कमर पर लपेट कर में अपनी पेंट उतार रहा था ताकि भाभी मेरा लंड न देख पायें |लेकिन जैसे ही मैंने अपनी पेंट, शर्ट और बनियान उतारकर बाथरूम की ओर नहाने को चला तभी पायल के सामने मेरा तौलिया एकदम से खींच दिया जिससे मैं भाभी और पायल के सामने बिल्कुल नंगा हो गया |

जैसे ही मैंने बाथरूम में भागने की कोशिश की तब तक भाभी और पायल ने मुझे घेर लिया | मुझे इस बात की चिंता नही थी ये दोनों क्या सोचेंगी लेकिन मुझे इस बात का जरूर डर था कि उन लड़कियों ने मेरे बीज को कई बार निकाला था जिस कारण मुझे बहुत थकान थी इस वजह से मैं नहा धोकर थोड़ा आराम करना चाहता था ताकि मेरे शरीर में थोड़ी एनर्जी आ सके यह बात मैंने काया भाभी को बताई भी लेकिन वो नही मानी और उन्होंने मेरे लंड को पकड़ लिया और अपने दोनों हाथों से सहलाने लगी |औरत के हाथों का स्पर्श पाकर लंड अपनी औकात में आ गया और एकदम से लोहे की गरम रॉड की तरह तन गया | तभी काया भाभी ने पायल को मैन गेट लॉक करने को कहा और खुद भी एकदम से नंगी हो गई और घुटनों के बल बैठकर मेरा लंड को हाथ से स्पीड से आगे पीछे करके हिलाने लगी तो पायल बोली कि मुट्ठ मारकर क्यों उस बेचारे का बीज निकाल रही हो ? इससे अच्छा है कि इस क्यूट से लंड को लॉलीपाप की तरह मुँह में लेकर चुसो जिससे आपको भी मजा आएगा और उसे भी तो भाभी ने छी कितना गंदा होता है लंड तुम्हें पता भी है कभी चूत में घुसता है तो कभी गाँड में | इसका तो काफी बड़ा और मोटा भी है तो कम से कम बच्चेदानी तक जाता होगा इसलिए मुझे तो घिन आती है ओ0 |

तब तक पायल भी पूरी नंगी हो चुकी थी वो बोली कि अगर आपको गंदगी के कारण घिन आ रही है तो कोई बात नही भाभी मैं इसे साबुन से एकदम साफ कर दूँगी और पायल मेरा लंड पकड़ कर खींचती हुई बाथरूम में ले गई और मेरे लंड पर साबुन लगाकर अच्छी तरह साफ करने लगी | मैं अपने लंड के आसपास के सभी बालों को वीट क्रीम से डेली नहाने से पहले साफ करता था ताकि एक भी बाल न रहे इसलिए मेरा गोरा लंड एकदम खड़ा होकर चमक रहा था जिसे काया भाभी मुँह में लेने से अभी भी घबरा रही थी तो पायल ने कहा भाभी अब तो लंड बिल्कुल साफ है इसे चुसो न ? तो काया भाभी ने कहा कि मैंने आज तक लंड चूसा नही है तो पायल ने कहा कि कोई बात नही मैं आपको सीखा दूँगी ओ0 के0 और पायल ने मेरा लंड चूसना शुरू कर दिया |

पायल का लंड चूसना इतना कामुक था कि उसके आगे कितना भी ताकतवर लंड क्यों न हो वो 10 मिनट में पूरा बीज निचोड़ लेती है | मेरी तुरंत ही कामुक सिसकारियां फूटने लगी जिसे सुनकर और पायल को देखकर काया भाभी को भी जोश चढ़ गया और वो मेरे पोते चूसने लगी हालाँकि मेरे पोते भी बहुत बड़े हैं और हर समय बीज से भरे रहने के कारण बहुत ही टाइट रहते हैं |

काया भाभी के मुँह में न आने के कारण वो उन्हें जीभ से चाटने लगी इधर काया भाभी को मेरे पोते चाटते हुए पायल ने देखा तो उसने अपने मुँह से मेरा लंड निकाल दिया और काया भाभी से कहा कि अब आप चुसो तो काया भाभी ने आव देखा न ताव उन्होंने मेरा लंड अपने मुँह में लेने की कई बार कोशिश की लेकिन लंड की मोटाई ज्यादा होने के कारण मेरा लंड उनके मुँह में नही जा पा रहा था तो पायल बोली कि भाभी लंड को मुँह में लेने से पहले यदि लंड ज्यादा मोटा हो तो सबसे पहले उसका सुपाड़ा पूरी तरह खोल लेना चाहिए फिर उसके बाद हाथ से लंड को ऊपर की और मोड़ना चाहिए और फिर झट से मुँह लगाकर धीरे धीरे अंदर लेना चाहिए लेकिन ध्यान रहे जब लंड मुँह में जाये आपकी जीभ तालू से लगी होनी चाहिए तभी लंड आपके मुँह में जा पायेगा अन्यथा नहीं |

उसके बाद भाभी ने वैसा ही किया जैसा पायल ने समझाया था मतलब धीरे धीरे करके भाभी ने अपने मुँह में मेरा पूरा लंड निगल लिया और उसे लॉलीपाप की तरह चूसने लगी सेम टू सेम पायल की तरह चूस रही थी जिससे मैं उस समय ऐसा महसूस कर रहा था जैसे भाभी नही मेरा लंड पायल चूस रही हो और मैं बहुत जोर जोर से कामुक आहें भरने लगा तभी कुछ देर बाद मेरे लंड ने भाभी के मुँह में पिचकारी छोड़ दी तो भाभी ने मेरा लंड अपने मुँह से निकाल दिया और जैसे ही वो मेरे बीज को थूकने वाली थी तभी पायल ने उन्हें रोक दिया और बोली कि भाभी इस अमृत को थूकना मत, पी जाओ इसे | ये बहुत पौष्टिक होता है इसके पीने से एक तो आपके शरीर में कहीं भी फैट नहीं रहेगा और आपका रूप निखर जाएगा | अगर आपको मेरी बात पर यकीन ना हो तो आप किसी भी सेक्स स्पेशलिस्ट से जानकारी ले लेना |

अगर मेरी बात दकियानूसी हुई तो मैं आपकी हमेशा ही गुलामी करूँगी | पायल की बात सुनकर भाभी ने मेरा पूरा बीज गटक लिया और मेरे लंड को भी चाट चाट कर साफ कर दिया | उसके बाद मुझसे वादा लिया कि जब तक तू यहाँ है तब तक रोजाना सुबह शाम मुझसे अपना लंड चुसवायेगा और उसका बीज भी मुझे पिलायेगा | मैंने काया भाभी को ओ0 के0 बोला और पायल से कहा कि वो मेरा साबुन से अच्छे से साफ करे तो काया भाभी ने जवाब दिया कि तू उस बेचारी को क्यों परेशान करता है? वो आज से मेरी गुरु है और में उनकी शिष्या क्योंकि उन्होंने मुझे लंड चूसना जो सिखाया है इसलिए जब तक तू यहाँ है तब तक मैं ही तेरा सब कुछ करूँगी ओ0 के0 तो मैंने काया भाभी से कहा कि भाभी वो भी तो एक लड़की है और उसकी भी अपनी इच्छायें हैं रात को पार्लर बंद करने से पहले मैं पायल को चोदता हूँ और अपना बीज भी पिलाता हूँ |

जब आप मेरा लंड चूसकर बीज पियोगी तो क्या उसका मन नही करेगा? तो भाभी बोली कि लंड मैं और पायल मिलकर चूस लिया करेंगे और चुद भी लिया करेंगे लेकिन तेरा बीज मैं ही पियूंगी तो पायल बोली कि ठीक है भाभी आप ही पी लेना अब खुश? फिर दोनों ने मेरा लंड और पोते साबुन लगाकर साफ किये | उसके बाद काया भाभी के पास बॉबी भैया का फ़ोन आया कि कुछ क्लाइंट्स के आर्डर लेने के कारण मैं और मेरे बॉस को 3 से 4 चार दिन और लगेंगे अमेरिका में उसके बाद हम लोग सिडनी (ऑस्ट्रेलिया) जायेंगे मतलब हमें इंडिया पहुँचने में 10 से 12 दिन का समय लगेगा तो भाभी ने मेरी जयपुर आने की बात भैया को बताई तो भैया बहुत खुश हुए और बोले कि विशु एक काम करना तू अपनी भाभी के साथ परसों यानी कि दौज वाले दिन उसके मायके चले जाना ताकि वो अपने भाई की दौज कर सके तो मैंने ओ0 के0 कहा तभी भैया ने फोन काट दिया|

उसके बाद मैं और पायल नहा धोकर बिना कपड़ों के सो गए क्योंकि काया भाभी ने हम दोनों से कहा कि तुम दोनों बिना कपड़ों के ही रजाई ओढ़ के सो जाओ तो हम दोनों बिना कपड़ों के ही सो गए | शाम के करीब 6 बजे काया भाभी ने मेरा लंड चूसकर मुझे जगाया और पायल की चूत में उँगली डालकर उसकी निद्रा भंग की | फिर हम सबने तैयार होकर लक्ष्मी पूजन किया और उसके सभी पडोशियों से मिलकर दीवाली की शुभकामनाएं एक दूसरे को दी और पटाखे भी चलाये | रात को करीब 12:30 बजे काया भाभी ने सभी को आवाज़ दी कि अब सोना नही है पटाखे ही चलाते रहोगे? तो मैं और पायल घर के अंदर आ गए और सोने की तैयारी करने लगे |

हम तीनों ही एक डबल बैड पर इस तरह से सोये की मैं पायल और भाभी के बीच में था | खैर सुबह हुई तो हम सब फ्रेश हुए और नाहा धोकर पूजा की क्योंकि उस दिन गोवेर्धन की पूजा की जाती है | खैर जैसे तैसे वो दिन भी गुजर गया अगले दिन हम तीनों सुबह ही तैयार होकर कार के द्वारा भाभी के गाँव पहुँचे जो जयपुर से 20 किलोमीटर आगरा रोड पर था | भाभी के घर पहुँच कर मैं एक दम चौंक गया भाभी की एक छोटी बहन थी जो हूबहू भाभी की तरह ही दिखती थी | अगर उसको साड़ी पहना दी जाए और उसका पूरा श्रृंगार कर दिया जाए तो मैं क्या कोई भी यह फर्क नही कर सकता कि वो शनाया (बदला हुआ नाम) है या काया ?

खैर जैसे तैसे इधर उधर की मीटिंग में दिन का कुछ समय गुजर गया और काया भाभी ने शनाया के साथ खाना बनाया क्योंकि भाभी की माँ को दिखाई नही देता था और काया भाभी की भाभी दिल्ली में ही रह गई थी क्योंकि वो भी अपने भाइयों को तिलक करने गई थी | इसलिए काया भाभी के भैया भी दिल्ली लौट गए तो मेरा मन नही लग रहा था तो करीब शाम के 4 बजे काया भाभी बोली कि चलो हम सभी खेत पर चलते हैं | विशु तू हमारे खेत भी देख लेना तब तक हम तीनों वहीं फ्रेश भी हो लेंगे तो मैंने ओ0 के कहा और हम सभी खेत की ओर चल पड़े | जितनी देर में वो तीनों फ्रेश होने गई तो मैंने सोचा क्यों न ट्यूब वैल के नीचे नहा लिया जाय तो मैं अपने कपड़े उतार कर वहीं पानी के हौद में कूद गया और नहाने लगा | ट्यूब वैल के चलने से पानी एकदम ताज़ी मतलब गरम गरम आ रहा था इसलिए मुझे बहुत आनन्द आ रहा था तभी अचानक से ट्यूब वेल बंद हो गया तो मैं बाहर आकर कपड़े पहनने की सोची तो देखा मेरे कपड़े वहाँ से गायब थे |

मैं एकदम परेशान हो गया कि मैं हौद से बाहर कैसे निकलूँ क्योंकि मैं नीचे से बिल्कुल नंगा था | जब मैंने देखा की मेरे कपड़े कुछ दूर एक पेड़ पर टँगे हुए हैं तो मैं तुरंत ही पानी से बाहर निकला और भागता हुआ कपड़ों के पास पहुँचा और झट से कपड़े पहन लिए | जैसे ही मैंने कपड़े पहने वैसे ही शनाया मेरे सामने आ गई | मैं एकदम से चौंक गया और मैंने काया भाभी और पायल के बारे में पूछा तो उसने बताया कि वो दोनों वहाँ फ्रेश होने के लिए बैठी हैं तो मैंने उसे पूछा कि आप नही गई वहाँ फ्रेश होने? तो उसने मना कर दिया कि नही मैं आपके कपडों की रखवाली कर रही थी क्योंकि यहाँ पर बंदर बहुत हैं और अगर वो आपके कपड़े ले जाते तो? तो मैंने उसे पूछा तो क्या मेरे कपड़े वहाँ से उठाकर पेड़ पर आपने ही टाँगे थे तो वो बोली कि हाँ मैंने ही टाँगे थे और मैं वहीं बैठकर आपके कपड़े देख रही थी | थोड़ी देर बाद ही काया भाभी और पायल भी आ गई और हम घर की और चल पड़े क्योंकि अंधेरा होने को था |

अतः हम सभी कुछ देर बाद घर पहुँच गए तो वो तीनो ही खाने की तैयारी में लग गई और थोड़ी देर बाद हम सबने मिलकर खाना खाया और इधर उधर की बातें करते हुए टीवी देखते रहे और सो गए | रात को मुझे कुछ ऐसा एहसास हुआ कि मेरे शरीर पर कुछ रेंग रहा है तो मेरी तुरंत ही आँख खुल गई और देखा कि कमरे में एकदम से घुप्प अँधेरा है तो मैंने समझा शायद पायल मेरा लंड चूसने आई होगी मैं ये सब सोच ही रहा था तब तक उसने मेरे होंठों पर अपने होंठ रख दिये और उसने अपने सारे कपड़े उतार दिए फिर एक एक करके मेरे भी सभी कपड़े उतार दिए और मेरी रजाई में घुस गई तो मैने भी उसे अपनी बाँहों में भर लिया और उसे हर जगह चूमने लगा तो मुझे शरीर की नाप से यह तय हो गया कि पायल नही काया भाभी थी और मैंने उसे चूमना शुरू कर दिया और धीरे धीरे उसके बूब्स पर आ गया और एक हाथ से उसके बूब्स दबाने लगा और पीने भी लगा तो मुझे थोड़ा डाउट से हुआ कि काया भाभी के बूब्स बड़े तो थे लेकिन मुलायम थे जबकि ये थोड़े से कठोर थे |

खैर मैं थोड़ा और नीचे आया और उसकी नाभि में अपनी जीभ डालकर चाटने लगा तो थोड़ा सिसकी और उसने मुझे अपने से चिपका लिया कुछ देर बाद हम 69 की अवस्था में हो गए और जैसे ही मैंने अपनी जीभ उसकी चूत पर रखी तो मुझे उस चूत पर बालों का जंगल था तो मुझे कुछ शक हुआ कि काया भाभी की चूत तो एकदम चिकनी थी और पायल अपनी चूत रोजाना साफ करती है इसका मतलब ये काया भाभी नही बल्कि उनकी छोटी बहन शनाया थी तो मेरे हाथ वहीं ठिठक गए ड़ी देर बाद म वोेरे कान में धीरे से फुसफुसाते हुए बोली मैंने आज जब ट्यूब वैल पर जब आपका लंड देखा तब से मैं अपने आप पर कंट्रोल नही रख पाई |

तो मैंने फिर से अपने काम लीला की शुरुआत की | इधर मेरे लंड को सहलाने से मेरा लंड लोहे की एक गरम रॉड की तरह तन गया और उसका सुपाड़ा एक बड़े मशरूम की तरह फूल गया और एकदम लाल पड़ गया इधर शनाया ने मेरे कान में धीरे से फुसफुसाते हुए कहा कि जीजू अब मुझे और मत तड़पाइये अपना मूसल मेरी चूत में पेल दीजिये और मेरी चूत की चटनी बना दीजिये क्योंकि मुझसे थोड़ी ही दूरी पर पायल और काया भाभी सो रही थी।

उन दोनों को उसकी आवाज़ सुनाई न पड़े इसलिए उसने कान में कहा तो मैंने भी मौके की नजाकत को समझते हुए शनाया की चूत के पास आ गया और वो दर्द के कारण चीखे न इसलिए मैंने उसके होंठो पर अपने होंठ टिका दिया और उसके कान में कहा कि वो मेरे लंड को पकड़ कर अपनी चूत के छेद पर रखे मैं धक्का लगाता हूँ तो उसने एक आज्ञाकारी बच्चे की तरह मेरा लंड पकड़ कर अपनी चूत पर रख लिया और मुझे धक्का लगाने को कहा तो मैंने धक्का लगाने से पहले उसके होंठो पर अपने होंठ रख दिये और एक पूरी ताकत से एक जोरदार धक्का लगा दिया जिससे मेरा लंड उसकी चूत को फाड़ता हुआ करीब 3 इंच तक घुस गया और वो दर्द से आह निकल गई लेकिन होंठ फँसे होने के कारण वो गूँ गूँ करके रह गई पर मैंने उस पर रहम न करते हुए अपने लंड को उसकी चूत से बिना निकाले पूरा लंड बाहर खींचा और फिर से दुगुनी ताकत के साथ दूसरा जोरदार धक्का लगा दिया जिससे मेरा लंड शनाया की चूत में करीब 7 इंच तक घुस गया जिससे उसकी दर्द के कारण एकदम आँखें बाहर को आ गई और उसका बदन थर थर काँपने लगा

लेकिन फिर भी मैंने उस पर कोई भी रहम नही किया और ताबड़तोड़ दो धक्के और लगाए जिससे मेरा लंड उसकी चूत में जड़ तक घुस गया जिसका एहसास उसे उसके चूत के नीचे मेरे पोते टकराने से हो गया था और जब मेरा पूरा लंड उसकी चूत में घुस गया तो मैं 2 मिनट के लिए रुक गया लेकिन मेरा लंड उसकी बच्चेदानी तक पहुँच गया था जिससे उसकी चूत में बहुत जलन हो रही थी तो उसने मेरे कान में कहा कि जीजू मेरे बहुत दर्द हो रहा है तो मैंने उसके होंठ छोड़कर उसके एक दूध को अपने मुँह में भर लिया और दूसरे दूध को हाथ से मसलना शुरू कर दिया |

करीब उसके दूध को चूसते और मसलते हुए मुश्किल से 5 मिनट ही हुए होंगे कि उसका दर्द मजे में बदल गया और वो नीचे से अपनी कमर हिलाने लगी तो मैं समझ गया कि उसे अब मजा आ रहा है यह सोचकर मैंने भी धीरे धीरे अपने धक्के चालू कर दिए | जैसे ही मैंने धक्के लगाना चालू किये तो खटिया चर्र चर्र की आवाज़ करने लगी तो मैंने उसे बिना उसकी चूत से लंड निकाले उसे गोद में उठा लिया और जमीन पर नीचे लिटाकर धक्के लगाना शुरू कर दिया तभी उसने मेरे कान में कहा कि जीजू बहुत मजा आ रहा है धक्के और तेज लगाओ | ऐसा सुनते ही मैंने अपने धक्के शताब्दी एक्सप्रेस की स्पीड से लगाना शुरू कर दिया और उसे अलग अलग मुद्राओं में करीब 75 मिनट तक चोदा |

तब तक वो करीब 5 बार झड़ चुकी थी लेकिन मैं झड़ने से दूर था और जब मैं झड़ने के करीब आया तब तक पायल अपनी चारपाई पर बैठ गई लेकिन शनाया अपने मजे में मस्त होकर आहें भर रही थी | शनाया की आहें सुनकर पायल मेरे पास आई और अंधेरे का फायदा उठाकर वहीं मेरी चारपाई पर चुपके से बैठ गई तो मैंने उसे कहा कि शनाया मैं झड़ने वाला हूँ तो वो बोली कि मेरी चूत में मत झड़ना नही तो गड़बड़ हो जाएगी | इन सब बातों को पायल सुन रही थी तो उसने मेरी पीठ पर हाथ मारते हुए इशारा किया तो मैंने शनाया की चूत से गंदा लंड निकाला और पायल के मुँह में दे दिया और उसके मुँह में धक्के मारने लगा |

तभी कुछ देर बाद मेरे लंड ने पायल के मुँह में पिचकारी छोड़ दी और फिर लगातार पिचकारी पर पिचकारी छोड़ता रहा और पायल ने भी मेरा लंड तब तक नही निकाला जब तक कि उसकी एक एक बूँद नही निकल गई फिर पायल ने ही मेरे लंड को चाट चाट कर साफ किया | इधर शनाया अपनी चूत मरवाकर अपने सभी कपड़े उठाकर नंगी ही दूसरे कमरे में लंगड़ाते हुए भाग गई और जब वो चली गई तो मुझे अपने बिस्तर पर कुछ गीला गीला से लगा तो मैंने पायल से कमरे की लाइट जलाने को कहा तो जब पायल ने लाइट जलाई तो मैंने देखा कि मेरे बिस्तर पर खून का एक गोल घेरा बन गया था तो पायल को यह समझते देर न लगी कि अभी अभी मुझसे शनाया चुद कर गई है | तो बताइए दोस्तों, आप सब को मेरी कहानी कैसी लगी?

दोस्तों, आप सबसे मेरी विनती है कि कृपया कमेन्ट मेरी आई0 डी0 पर मेल करके दें | मेरी मेल आई0 डी0 है : [email protected] | आप अगर चाहें तो मुझे फेसबुक पर भी मिल सकते है मेरी फेसबुक आई0 डी0 है : [email protected]