लंड जब चुत मे उतरी तो वो सहन न कर पाई

नमस्कार, मेरा नाम विशाल है, मैं बरोडा गुजरात का रहनेवाला हूं। मैं शरीर से पतला हूं लेकिन स्टेमिना अच्छा रखता हूं। मेरी पिछली कहानीयों को लोगो ने खूब सराहा इसके लिए आप सबका धन्यवाद।

अभी मैं अपनी कहानी पर आता हूं। जैसा कि आप सब लोग जानते हो मैं राजनीति शास्त्र का विद्यार्थी हूं, इसी अभ्यास के दौरान मुझे एक माह के लिए इन्टनशिप करनी थी, जिसमें मुझे मेरे ग्रुप के साथ अलग अलग जगह पे काम करना होता है। मेरे ग्रुप में तीन लडके और दो लडकिया थी , वैसे मैं अभ्यास के समय लडकीयो के बारे में नही सोचता लेकिन मेरे ग्रुप की एक लडकी जिसका नाम साजिदा था, उसको देखके मेरा मन थोडा ललचा रहा था। हालाकि मैं तय नही कर पा रहा था कि वो मुझे पसंद करती है या नहि इसीलिए मैने पहले बातचीत कर उससे घुलना मिलना शुरु किया, जिससे मैं उसे अपने करीब ला सकूं। मैने उससे बातचीत करके अपने करीब थोडा ला दिया था और वो भी मेरे साथ और भी ज्यादा घुलमिल गइ थी।

अब हमलोग क्लास खत्म होने के बाद गाडॅन पार्क में जाते थे और काफी समय शाम में देर तक हम साथ में ही रहते थे। अब मुझे लगने लगा था कि वो मुझे पसंद कर रही है क्योकि पार्क में वो मुजसे चिपक के बैठती थी और कभी कभी अपना हाथ मेरे हाथ से टच कर देती थी।

एक बार उसका बर्थडे आ रहा था तो उसने मुझसे बोला कि इस बार बर्थडे पे वो नाइट आउट करना चाहती है , तब मैंने भी मन बना लिया कि इस बर्थडे पे इसे गिफ्ट में मैं अपना लंड दूंगा।
उस दिन बर्थ डे पे हम लोग क्लास सब खत्म करके नाइट आउट के लिए बाहर निकल गए, मैने उसके लिए पहले से सब तय करके रखा था जिसके मुताबिक पहले हम लोग नाइट के शो में मूवी देखने गए फिर उसके बाद डीनर करके लोंग ड्राइव के लिए गए और फिर देर रात मैंने एक होटेल में कमरा बूक करके रखा था वहा चले गए।

कमरे में पहुचने के बाद आराम करते मैने बेड पे उसके पास बैठते बाते करना शुरु कर दिया।
मैं- क्या तुम्हे नींद आ रही है?
साजिदा- नहीं और तुम्हे?
मैं- नही मुझे नही आ रही इसीलिए तो पूछ रहा हूं, चलो कुछ बाते करते है।

हमने इधर उधर की बाते की बाद में थोडी देर बाद उसने मुजसे पूछा क्या तुम्हारी कोइ गर्लफ्रेन्ड है?
मै- ना एसी कोइ लडकी नही जो मुझे पसंद करे!
उसके बाद वो मेरी और एकटक देखने लगी जिसे मैं इशारा समजते हुए मैने उसे अपनी और खींच लिया और लिप पर किस करने लगा।

उसने भी मेरी इस बात का विरोध नही किया और मेरा साथ देने लगी।
ज्यादा देर न करते हुए मैने उसके टोप मे अपना हाथ घूसाकर ब्रा के उपर से ही बोबे मसलना चालु कर दिया। आपको बता दूं कि उसके मम्मे की साइज ३६ डी है और उसे दबाने में मुझे बहोत ही मजा आ रहा था।

धीरे धीरे वो गरम हो रही थी और उसकी सांसे भी गरम हो रही थी जिसकी वजह से वो कभी मेरे लिप्स को काटती या फिर मेरे नेक पे काटती उससे मुझे और भी जोश आ रहा था। मैने उसके सारे कपडे उतारकर उसे बिलकुल नंगी कर दिया था और खुद भी अंडरवीयर में आ गया। उसे हर जगह खूब ज्यादा चूमने चाटने के बाद मैने उसकी टांगे फैलाकर उसकी चूत को अपनी जीभ से चाटने लगा जिससे वो बेकाबू होकर मेरे बाल नोंचने लगी। थोडी देर में उसका पानी निकल गया और वो शांत हो गयी।

अब मैने अपना लंड बाहर निकालकर उसके मुंह मे दे दिया , पहले तो धीरे धीरे लेकिन बाद में मजे से चाट रही थी, मैने अपना माल उसके मुंह में ही निकाल दिया।
अब मै उसके उपर आ गया और लंड उसके चूत के मुंह पे रख दिया और एक जोर का धक्का देते हुए आधा लंड उसकी चूत में उतार दिया, वो धक्के को सहन नही कर पायी और उसके मुंह से जोर की चीख निकल गयी।

मैने उसके दोनो हाथ पकड लिए जिससे वो उपर खिसक न सके और दुसरा जबरदस्त धक्का देकर पूरा लंड चूत में उतार दिया, वो जोर से चिल्लायी और अपने पैर पटकने लगी।
अब मैने उसे धक्के पे धक्के देना शुरु कर दिया और बिलकुल जबरदस्त वाली ठुकाइ करने लगा , वो जोर जोर से चिल्ला रही थी जिससे मुझे और भी जोश आ रहा था और मै दमदार धक्के लगा रहा था।

करीब १५ मिनट की चुदाई के बाद मै उसकी चूत में ही झड गया और थोडी देर उसके उपर ही लेटा रहा। हम लोग ने उस होटल के कमरे में नंगे ही लेटकर रात बितायी। उस दिन के बाद मैने करीब दो तीन बार उसे फिर से ठोका। अगर आपको मेरी कहानी अच्छी लगी हो तो [email protected] पे मेल करे।